वृन्दावन में गर्मी की दस्तक के साथ ही बुनियादी सुविधाओं की हकीकत बेनकाब हो गई है। गौरानगर कॉलोनी में पिछले तीन दिनों से पानी की सप्लाई पूरी तरह ठप पड़ी है, जिससे इलाके के बाशिंदे कतरा-कतरा पानी के लिए तरसने को मजबूर हैं।
सबसे बड़ा सवाल मथुरा-वृन्दावन नगर निगम के वृन्दावन जोन कार्यालय पर खड़ा होता है, जिसकी जिम्मेदारी के बावजूद हालात बदतर से बदतर होते जा रहे हैं। कई बार शिकायत दर्ज कराने के बाद भी अधिकारियों के कानों पर जूं तक नहीं रेंग रही। लोगों का कहना है कि पीने के पानी के लिए दर-दर भटकना पड़ रहा है, मगर जोन कार्यालय की बेरुख़ी और लापरवाही जस की तस बनी हुई है। कॉलोनी में ग़ुस्सा और नाराज़गी लगातार बढ़ रही है। स्थानीय लोग इसे सीधी-सीधी बदइंतज़ामी और नाकामी बता रहे हैं। अब सवाल यह है कि आखिर वृन्दावन जोन कार्यालय की इस ख़ामोशी और लापरवाही का हिसाब कौन देगा? और कब तक जनता यूं ही हलकान होती रहेगी?